हिरासत में मनाया अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस

उत्तर प्रदेश में महिलाओं ने पुलिस हिरासत में मनाया अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस 
देवरिया और पीलीभीत में ऐपवा कार्यकर्ता गिरफ्तार की गईं

उत्तर प्रदेश में अखिल भारतीय प्रगतिशील महिला एसोसिएशन (ऐपवा) की सैकड़ों कार्यकर्ता आठ मार्च को अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के मौके पर गिरफ्तार कर ली गईं और उन्होंने पुलिस हिरासत में ही महिला दिवस मनाया।

देवरिया और पीलीभीत में महिलाओं को अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस मनाने से रोका गया और जुलूस निकालने पर गिरफ्तार कर लिया गया। जबकि लखीमपुर खीरी में मार्च निकालने के लिए महिलाओं को पुलिस से संघर्ष करना पड़ा।

पीलीभीत में गिरफ्तार ऐपवा की कार्यकर्ताओं पर पुलिस ने आईपीसी की 341, 342, 353 आदि कई धाराओं में फर्जी मुकदमे कायम कर दिये और माले की राज्य स्थायी (स्टैन्डिंग) समिति के सदस्य अफरोज आलम की पिटायी की। महिला कार्यकर्ताओं को पंद्रह-पंद्रह हजार की जमानतें देने के लिए कहा गया। तीन दिन के भीतर जमानतें नहीं भरने पर महिलाओं को जेल जाने को तैयार रहने को कहा गया है।

भाकपा (माले) और ऐपवा ने महिलाओं की गिरफ्तारी और माले नेता को पीटने की कड़ी निंदा की है। पार्टी ने इन घटनाओं पर प्रमुख गृह सचिव को पत्र भेज कर कड़ा विरोध दर्ज कराया है। महिलाओं पर से फर्जी केस हटाने और दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है। पार्टी ने एक बयान जारी कर कहा कि मुख्यमंत्री मायावती के राज में गुंडे, बलात्कारी और अपराधी बाहर हैं, जबकि महिलाओं को पुलिस हिरासत में अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस मनाना पड़ रहा है। खौफ खायीं, घबरायीं मुख्यमंत्री को महिलाओं से भी कानून-व्यवस्था को खतरा लग रहा है। पार्टी ने कहा कि पीलीभीत में पुलिस और प्रशासन की दमनात्मक कार्रवाइयां पूर्वाग्रह से ग्रसित हैं और चेतावनी दी है कि दोषियों के खिलाफ कार्रवाई न होने पर पार्टी आंदोलन तेज करेगी।

देवरिया में ऐपवा प्रदेश सचिव प्रेमलता पाण्डेय के नेतृत्व में सैकड़ों महिलाएं जुलूस निकालते हुए गिरफ्तार कर ली गयीं और पुलिस लाइन भेज दी गईं। इसी तरह, पीलीभीत में ऐपवा नेता व जिला पंचायत सदस्य रमा गैरोला के नेतृत्व में मार्च निकाल रहीं दर्जनों महिलाओं को हिरासत में लेकर पुलिस लाइन भेज दिया गया। लखीमपुर खीरी में माले की केंद्रीय समिति सदस्य कृष्णा अधिकारी और ऐपवा प्रदेश अध्यक्ष विद्या रजवार के नेतृत्व में दो सौ से ऊपर महिलाओं ने पुलिस से जूझते हुए रेलवे स्टेशन से विलोबी मेमोरियल हाॅल तक जुलूस निकाला, जहां महिला दिवस के मौके पर ही ऐपवा का जिला सम्मेलन संपन्न हुआ।

इसके अलावा, प्रदेश में अन्य जगहों पर भी ऐपवा की ओर से अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर कार्यक्रम हुए। बनारस और सीतापुर शहर में ऐपवा ने मार्च निकाला। चंदौली जिले में तीन केंद्रों - नौगढ़, मुगलसराय व नियमताबाद में, मिर्जापुर जिले के पटेहरा में, गाजीपुर जिले के सैदपुर में महिलाओं ने सभा कर महिला दिवस मनाया, जबकि कानपुर में इस मौके पर ऐपवा का धरना हुआ। 

Comments

Popular posts from this blog

महिला संबंधी कानूनों को जानें

महिलाओं पर बढ़ती हिंसा के खिलाफ ऐपवा का प्रदर्शन

On International Women's Day, let's reaffirm our Unity and Pledge for women's Economic Right, Social Dignity and Political Justice