मासूम संजलि को न्याय दिलाने के लिए विभिन्न जनसंगठनों ने किया विरोध प्रदर्शन

लखनऊ. आगरा में मासूम अंजलि की पेट्रोल से जलाकर की गई निर्मम हत्या की गूंज आज लखनऊ में सुनाई पड़ी। विभिन्न महिला संगठनों और आवाम पसंद लोगों ने इस घटना की घोर निंदा करते हुए अम्बेडकर प्रतिमा के सामने विरोध प्रदर्शन किया। वक्ताओं ने इस मामले में सरकार को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि प्रदेश में बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओं के नाम पर ढोंग किया जा रहा है। प्रदेश में कहीं भी बहू-बेटियां सुरक्षित नहीं हैं और उनकी पढाई-लिखाई तो दूर सामान्य रूप से कहीं आना जाना भी मुश्किल गया है।


विभिन्न जनसंगठनों ने संयुक्त धरना-प्रदर्शन के माध्यम से दसवी की छात्रा संजलि के साथ हुई नृशंष घटना पर अपना विरोध प्रदर्शन किया। वक्ताओं ने मासूम संजलि  को श्रद्धांजलि  अर्पित करते हुए कहा कि प्रदेश में जंगलराज कायम हो गया है। लूट, हत्या, बलात्कार की घटनाओं में बेतहाशा वृद्धि हुई है। हर तरफ अपराध और अत्याचारों की बाढ़ आ गई है, जबकि सरकार गाय और हनुमान से आगे बढ़ने को तैयार ही नहीं दिखती। लोगों ने कहा कि उनका विरोध प्रदर्शन संजलि के हत्यारों की गिरफ्तारी के साथ उनके  परिवार को न्याय दिलाये जाने तक जारी रहेगा। इस अवसर पर विभिन्न महिला संगठन एडवा, महिला फेडरेशन और एपवा एवं  अमन- पसंद जनसंगठनों SFI, DYFI, AISA, RYA Saanjhi Duniya Rihaayi Manch जसम, PUCL से जुड़े सैकड़ों लोग विरोध प्रदर्शन में शामिल हुए। प्रतिवाद सभा में उपस्थित लोगों में प्रमुख थीं लखनऊ वि0वि0 की पूर्व कुलपति प्रो0 रूप रेखा वर्मा, वरिष्ठ पत्रकार व एक्टिविस्ट वंदना मिश्र, सामाजिक कार्यकर्ता नाइस हसन, विमल किशोर, दलित बुद्धिजीवी व एक्टिविस्ट राम कुमार, जसम के कौशल किशोर, इप्टा के राकेशजी, जनवादी नौजवान सभा के नेता का0 राधे श्याम वर्मा, आर वाई ए नेता राजीव, आइसा नेता शिवा रजवार, इलाहाबाद वि वि छात्र संघ के पूर्व अध्यक्ष लाल बहादुर सिंह, रिहाई मंच के राजीव यादव ।

 # महिला फेडरेशन की आशा मिश्रा, एपवा की मीना सिंह, एडवा की सीमा राना द्वारा संयुक्त रूप से जारी ।

Comments

Popular posts from this blog

महिला संबंधी कानूनों को जानें

महिलाओं पर बढ़ती हिंसा के खिलाफ ऐपवा का प्रदर्शन

On International Women's Day, let's reaffirm our Unity and Pledge for women's Economic Right, Social Dignity and Political Justice